Helicopter Crash : हरियाणा में हैलिकॉप्टर क्रैश की सूचना से हड़कंप, ना हेलिकॉप्टर मिला, ना मलबा

Helicopter Crash : हरियाणा के नारनौल में मंगलवार सुबह उस समय हड़कंप मच गया जब करीब 11 बजे डायल–112 के चंडीगढ़ कंट्रोल रूम में एक फोन कॉल आया । कॉल करने वाले ने घबराई आवाज़ में दावा किया कि महेंद्रगढ़ रोड पर स्थित आकाश इंस्टीट्यूट के पास एक हेलिकॉप्टर गिर गया है। सूचना इतनी गंभीर थी कि पुलिस और दमकल विभाग बिना एक सेकंड गंवाए मौके के लिए रवाना हो गए। अचानक हुई इस खबर ने पूरे प्रशासन में अफरा-तफरी मचा दी।

सूचना मिलते ही नारनौल पुलिस की टीमें, 112 की दो गाड़ियाँ और दमकल विभाग की फायर टेंडर तेज़ी से बताए गए स्थान की ओर दौड़ीं। इतना ही नहीं, अटेली और महेंद्रगढ़ के फायर स्टेशनों को भी अलर्ट कर दिया गया। कुछ ही मिनटों में इलाके में पुलिस, दमकल और इमरजेंसी वाहनों का जमावड़ा लग गया, जिससे स्थानीय लोग भी घबरा उठे और तरह–तरह की चर्चाएँ शुरू हो गईं।

एक घंटे की लगातार तलाश, लेकिन न हेलिकॉप्टर मिला, न मलबा

मौके पर पहुँची टीमों ने पूरे इलाके में लगातार लगभग एक घंटे तक सर्च ऑपरेशन चलाया। खेतों, सड़कों, आसपास की बस्तियों और इंस्टीट्यूट परिसर तक हर जगह जांच की गई। स्थानीय लोगों से पूछताछ भी की गई, लेकिन किसी ने कोई धमाका, धमक या कोई क्रैश नहीं देखा।

काफी देर की खोजबीन के बाद यह साफ होने लगा कि कहीं भी हेलिकॉप्टर क्रैश होने जैसा कोई निशान मौजूद नहीं है। न कोई मलबा मिला, न आग, न धुआँ। आखिरकार दमकल विभाग की गाड़ियाँ वापस लौटाई गईं। करीब एक घंटे बाद पुलिस ने भी ऑपरेशन बंद कर दिया।

निकला फर्जी अलर्ट — पुलिस जुटी कॉलर की तलाश में

दमकल अधिकारी राजबीर सिंह ने बताया कि कॉल अत्यंत गंभीर थी, इसलिए तीन–तीन फायर स्टेशन तक अलर्ट पर रखे गए। लेकिन पूरी जांच के बाद स्पष्ट हो गया कि यह एक फर्जी सूचना थी। उन्होंने कहा कि इस तरह की गलत जानकारी आपातकालीन सेवाओं को अनावश्यक रूप से व्यस्त कर देती है और वास्तविक घटनाओं में देरी का कारण बन सकती है।

अब पुलिस उस कॉलर की तलाश में जुट गई है जिसने हेलिकॉप्टर क्रैश की झूठी सूचना दी। प्रारंभिक जांच में मामला मज़ाक या शरारत की तरह लग रहा है, लेकिन पुलिस इसे गंभीरता से ले रही है क्योंकि फर्जी कॉल सरकारी संसाधनों का दुरुपयोग करती है और आपातकालीन सेवाओं को जोखिम में डालती है।

स्थानीय लोग भी रहे दहशत में

हेलिकॉप्टर क्रैश की खबर ने शहर में अचानक सनसनी फैला दी थी। करीब एक घंटे तक लोग सोशल मीडिया और फोन कॉल्स के ज़रिए जानकारी जुटाते रहे। कई लोग मौके पर भी पहुँच गए, लेकिन जब कुछ नहीं मिला तो भ्रम और बढ़ गया। बाद में जब पता चला कि सूचना झूठी थी, तो लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन नाराजगी भी जताई कि ऐसी हरकतों से शहर में दहशत फैलती है।

Sunil Yadav

सुनील यादव पिछले लगभग 15 वर्षों से गुरुग्राम की पत्रकारिता में सक्रिय एक अनुभवी और विश्वसनीय पत्रकार हैं। उन्होंने कई बड़े नेशनल न्यूज़ चैनलों में ( India Tv, Times Now,… More »
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